गारे पेलमा जनसुनवाई पर बड़ा फैसला टला!ग्रामीण आक्रोश और हिंसक हालात के बीच कलेक्टर पर्यावरण मंडल से अग्रिम कार्यवाही रोकने का अनुरोध#देखे वीडियो#

धरमजयगढ़ हेड/रायगढ़ | 28 दिसंबर 2025
मेसर्स जिंदल पॉवर लिमिटेड की गारे पेलमा सेक्टर-1 कोयला परियोजना को लेकर 08 दिसंबर 2025 को हुई जनसुनवाई अब गंभीर विवादों में घिरती नजर आ रही है। जनसुनवाई के बाद लगातार बढ़ते ग्रामीण विरोध, धरना-प्रदर्शन और हाल ही में उत्पन्न हिंसक स्थिति को देखते हुए रायगढ़ कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी ने छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल से अग्रिम आवश्यक कार्यवाही फिलहाल न करने का अनुरोध किया है,

कलेक्टर कार्यालय से जारी पत्र के अनुसार, 3020 हेक्टेयर क्षेत्र में प्रस्तावित 15 एमटीपीए क्षमता की इस ओपन कास्ट सह भूमिगत कोयला खदान परियोजना के लिए तमनार तहसील के ग्राम धौराभाठा में जनसुनवाई आयोजित की गई थी। इस जनसुनवाई से जुड़े आपत्ति, टीका-टिप्पणी एवं कार्यवाही विवरण पहले ही पर्यावरण मंडल को भेजे जा चुके हैं,लेकिन जनसुनवाई के विरोध में प्रभावित 14 ग्रामों के ग्रामीण 12 दिसंबर से ग्राम लिबरा के सीएचपी चौक में धरने पर बैठे थे। स्थिति उस समय गंभीर हो गई जब 27 दिसंबर को ग्रामीणों द्वारा सामान्य आवागमन बाधित किया गया।
प्रशासन द्वारा बार-बार समझाइश के बावजूद दोपहर करीब 2:30 बजे भीड़ उग्र हो गई, जिससे क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया,प्रशासन का कहना है कि ग्रामीण अब एक स्वर में 08 दिसंबर की जनसुनवाई को निरस्त करने की सीधी मांग कर रहे हैं। वर्तमान हालात को देखते हुए कानून-व्यवस्था की स्थिति प्रभावित हुई है,इन्हीं परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए कलेक्टर ने स्पष्ट किया है कि धौराभाठा में संपन्न जनसुनवाई पर फिलहाल कोई अग्रिम कार्यवाही न की जाए, जब तक स्थिति सामान्य न हो जाए, यह मामला अब सिर्फ पर्यावरण स्वीकृति का नहीं, बल्कि जनआक्रोश और सामाजिक तनाव का बन चुका है, जिससे आने वाले दिनों में प्रशासन और सरकार की भूमिका पर सभी की निगाहें टिकी रहेंगी।



